भक्तिकाल के महत्वपूर्ण कवि पुहकर कवि अपनी श्रृंगारिक और भक्तिपूर्ण रचनाओं के लिए जाने जाते हैं। उनकी 'रसमंजरी' और 'रासो काव्य' हिंदी साहित्य की अनमोल धरोहर हैं। यहाँ पुहकर कवि के दोहे, कवित्त और रासो काव्य की पूरी सूची दी गई है। अपनी पसंद की रचना पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें:
पुहकर कवि की रचनाएँ - पूरी सूची
- पुहकर कवि के दोहे - प्रसिद्ध दोहे अर्थ सहित
- पुहकर के प्रसिद्ध कवित्त - श्रृंगारिक कवित्त संग्रह
- साँचे सी ढारी भरि भाइकै उतारी - प्रसिद्ध कवित्त पाठ सहित
- मोहे जल मीन मृग सावक अधीन भये - प्रसिद्ध कवित्त
- पुहकर का रासो काव्य - रासो काव्य मुख्य संग्रह
- वयसंधि वर्णन - रासो काव्य अंतर्गत
- रूप वर्णन - श्रृंगार वर्णन
- नृत्य वर्णन - रासलीला वर्णन
- केलि समागम - रासो काव्य का अंतिम खंड